दमोह। एमपी
पन्ना टाइगर रिजर्व के मड़ियादो वन परिक्षेत्र में इन दिनों बाघ होने की खबर है इस बात की पुष्टि वन विभाग द्वारा की गई है, बताया जा रहा है की जंगल में एक से अधिक बाघ होने की संभावना जताई जा रही है। इसी आशंका के चलते मड़ियादो बफर प्रबंधन अलर्ट है। वन विभाग द्वारा जंगल में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। जंगल सीमा से लगे गावों में खेतों खलिहानों में लगाई गई फेंसिग की जांच कर तार फंदे,खुले बिजली के तार आदि हटाने का कार्य किया जा रहा है। वन परिक्षेत्र अधिकारी हरिहर भार्गव ने बताया बाघ होने के प्रमाण मिले है जिसके लिए जंगल की निगरानी बड़ाई गई हैं ग्रामीणों को बाघ के पगमार्क सहित अन्य प्रकार की गतिविधियों के संबंध में अवगत करा रहे हैं। ग्रामीणों से अपील कर रहे हैं अगर किसी तरह की बाघ होने जैसी गतिविधि दिखाई दे तो तुरंत सुरक्षित स्थान पर चले गए और वन विभाग को सूचित करें।
पहले भी रहते थे बाघ
मड़ियादो का जंगल बाघों के लिए हमेशा से अनुकूल रहा है बीते 30,40 वर्षो यहां के जंगलों में बड़ी संख्या में बाघ हुआ करते थे जिसका मुख्य कारण यहां घने जंगल जंगल में स्थाई जल श्रोत इनके लिए अनुकूल स्थान थे। लेकिन जंगलो में अधाधुंध पेड़ कटाई, शिकार के चलते बाघ पूरी तरह लुप्त हो चुके थे। पन्ना टाइगर रिजर्व के पुनः आवाद होने के बाद एक बार फिर कोर सहित बफर क्षेत्र में जांगलो में वन्य जीवों की तादाद बड़ी है नतीजतन एक बार फिर अन्य वन्य जीवों सहित बाघ दिखाई दे रहे हैं जो वन्य जीवों सहित पर्यावरण प्रेमियों को अच्छी खबर है।













